यूपी में बड़ा हादसा : गंगा एक्सप्रेस-वे पर तेज रफ्तार कार ने 9 लड़कियों को रौंदा…4 की मौत

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यूपी में बड़ा हादसा : गंगा एक्सप्रेस-वे पर तेज रफ्तार कार ने 9 लड़कियों को रौंदा...4 की मौत

लखनऊ : उत्तर प्रदेश के रायबरेली में तेज रफ्तार कार ने 9 लड़कियों को रौंद दिया। इनमें से 4 लड़कियों की मौत हो गई, जबकि 5 लड़कियां गंभीर रूप से घायल हो गईं। सभी लड़कियां भंडारे से प्रसाद लेकर घर लौट रही थीं। तभी गंगा एक्सप्रेस-वे पर तेज रफ्तार में आई एक कार ने उन्हें कुचल दिया। कार की स्पीड इतनी ज्यादा थी कि लड़कियों को संभलने का मौका भी नहीं मिला।

दो लड़कियों ने मौके पर दम तोड़ दिया, जबकि 2 की जिला अस्पताल पहुंचने से पहले जान चली गई। घायल पांचों लड़कियों का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। मामला जगतपुर थाना क्षेत्र के चूली गांव का है।

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दरअसल, गंगा एक्सप्रेस-वे अभी यातायात के लिए खोला नहीं गया है। लेकिन, आसपास के गांवों में रहने वाले लोग बेधड़क एक्सप्रेस-वे पर कार-बाइक दौड़ाते हैं।

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चूली गांव में एक नया मंदिर बना है। रविवार को मंदिर में भंडारा था। चूली, कोडर और हनुमानगंज गांव के तमाम लोग भंडारे में प्रसाद लेने पहुंचे थे। शाम करीब 7 बजे 10-12 लड़कियां पैदल अपने गांव लौट रही थीं।

इसी दौरान गंगा एक्सप्रेस-वे पर लालगंज की तरफ से आ रही तेज रफ्तार कार ने 9 लड़कियों को रौंद दिया। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी और एंबुलेंस बुलवाई।

मृतकों की पहचान शालिनी (22) पुत्री जंग बहादुर, हिमांशी (23) पुत्री दल बहादुर, रश्मि (14) पुत्री रामरतन और आसमा (18) के रूप में हुई है। सभी लड़कियां ग्राम पंचायत कोडर की रहने वाली थीं। सूचना पाकर परिवारीजन पहुंचे। रश्मि की मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। वह कभी बेटी को सहलाती, तो कभी दहाड़ मारकर रोने लगती।

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हादसे में 5 लड़कियां गंभीर रूप से घायल हैं। उन्हें पहले जगतपुर अस्पताल ले जाया गया। वहां प्राथमिक इलाज के बाद जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। वहीं, पुलिस ने कार को कब्जे में ले लिया है। हादसे के बाद ड्राइवर फरार हो गया। उसकी तलाश की जा रही है।

उधर, विधायक मनोज पांडेय ने जिला अस्पताल पहुंचकर घायलों का हालचाल लिया। घायल मीना ने बताया कि 10-12 लड़कियों के साथ भंडारे में प्रसाद लेने जा रहे थे। इस दौरान सामने आ रही तेज रफ्तार कार हम लोगों को रौंदते हुए निकल गई। इससे मेरे साथ गईं 4 लड़कियों की मौत हो गई।

टक्कर से कई लड़कियां एक्सप्रेस-वे से नीचे गड्‌ढे में गिरीं

प्रत्यक्षदर्शी मनोज कुमार ने बताया- मैं मंदिर पर भंडारा खाने गया था। वहां से घर पहुंचा तो गांव के लोगों ने फोन पर बताया कि एक कार ने लड़कियों को रौंद दिया। जब वहां पर जाकर देखा तो रोड पर इधर-उधर पड़ीं लड़कियां तड़प रही थीं। कार की टक्कर से कुछ लड़कियां एक्सप्रेस-वे के नीचे भी गिर गई थीं।

दूसरे प्रत्यक्षदर्शी ने बताया- गांव से 500 मीटर दूरी पर मंदिर में भंडारा था। वहां से लड़कियां वापस आ रही थीं। इसी दौरान सामने से आ रही एक तेज रफ्तार कार ने उन्हें रौंद दिया।

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अभी नहीं खुला है एक्सप्रेस-वे, फिर भी दौड़ रहीं गाड़ियां

एसपी रवि कुमार ने बताया- निर्माणाधीन गंगा एक्सप्रेस-वे अभी आम जनता और यातायात के लिए पूरी तरह से नहीं खोला गया है। वहां एक अनियंत्रित कार ने भंडारे से लौट रही गांव की युवतियों को रौंद दिया। इससे 4 लड़कियों की मौत हो गई। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।

अब गंगा एक्सप्रेस-वे को जानिए

594 किलोमीटर लंबा 6 लेन का गंगा एक्सप्रेस-वे मेरठ से शुरू होकर प्रयागराज तक बनाया जा रहा। यह यूपी के 12 जिलों- मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, अमरोहा, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, हरदोई, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़ और प्रयागराज से होकर गुजरेगा। इन जिलों के 500 से ज्यादा गांवों को भी जोड़ेगा।

प्रयागराज से मेरठ की दूरी वाया कानपुर 648 किलोमीटर है। गंगा एक्सप्रेस-वे बनने से यह दूरी 600 किलोमीटर रह जाएगी। अभी प्रयागराज पहुंचने में 10-12 घंटे लगते हैं। इसके शुरू होने से दूरी 6 से 8 घंटे में पूरी होगी।

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गंगा एक्सप्रेसवे से यात्रा करने वालों के लिए कुछ अहम नियम जानना जरूरी है। उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के मुताबिक यह एक ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे है, जिसे तेज रफ्तार यातायात के लिए तैयार किया गया है, इसलिए यहां पैदल चलना और दोपहिया वाहन चलाना पूरी तरह प्रतिबंधित है। इस मार्ग पर केवल चार पहिया और उससे बड़े वाहन ही चल सकते हैं, जबकि ऑटो और ई-रिक्शा जैसे तीन पहिया वाहनों की भी अनुमति नहीं है।

कारों के लिए अधिकतम गति सीमा 120 किमी प्रति घंटा तय की गई है, वहीं बड़ी और मिनी बसें 100 किमी प्रति घंटे तक चल सकती हैं। हालांकि अभी एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन नहीं हुआ है। एक्सप्रेसवे पर कहीं भी रुकना या वाहन पार्क करना मना है और इमरजेंसी लेन का उपयोग सिर्फ आपात स्थिति में ही किया जा सकता है। किसी भी मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर 1033 पर संपर्क किया जा सकता है।

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