महाराष्ट्र सरकार अपनाएगी छत्तीसगढ़ का धान खरीदी मॉडल: परिणय फुके

0
41
महाराष्ट्र सरकार अपनाएगी छत्तीसगढ़ का धान खरीदी मॉडल: परिणय फुके

रायपुर, 19 जून 2026 : छत्तीसगढ़ की धान खरीदी व्यवस्था के अध्ययन करने आए महाराष्ट्र सरकार के विधायक प्रतिनिधियों एवं अधिकारियों के दल ने कहा कि यहां के धान खरीदी मॉडल का विस्तृत रूप से अध्ययन कर इस पूरी प्रणाली को महाराष्ट्र सरकार को भी अपनाने के लिए सुझाव देंगे। विधायक दल समिति के अध्यक्ष डॉ परिणय फुके ने कहा कि छत्तीसगढ़ की धान खरीदी व्यवस्था की इस प्रणाली को अपनाने के लिए सरकार को भी रिपोर्ट सौपेंगे।

छत्तीसगढ़ की धान खरीदी वास्तव में किसान हितैषी है। प्रतिनिधियों ने किसानों के पंजीयन से लेकर विक्रय तक की व्यवस्थाएं जैसे ऑनलाईन टोकन व्यवस्था, इलेक्ट्रानिक तौल, सिस्टमेटिक मॉनिटरिंग, बारदाना खरीदी, नजदीकी धान उर्पाजन केन्द्रों सहित धान खरीदी व्यवस्था में लिकेज और गड़बड़ी को रोकने के लिए शुरू की गई इंटिग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर की प्रशंसा की।

इसे भी पढ़ें :-नियमित एवं कड़ाई से मॉनिटरिंग कर गुणवत्ता सुनिश्चित करने व समय-सीमा में कार्यों को पूर्ण करने के निर्देश

गौरतलब है कि खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री दयाल दास बघेल की अध्यक्षता में आज अटल नगर नवा रायपुर स्थित नवीन विश्राम भवन के कॉन्फ्रेंस हाल में छत्तीसगढ़ धान खरीदी प्रणाली की अध्ययन करने महाराष्ट्र से आए विधायकों एवं अधिकारियों के प्रतिनिधि मंडल के साथ बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में खाद्य मंत्री दयाल दास बघेल ने कहा कि धान खरीदी सरकार के लिए फायदे का सौदा नहीं बल्कि किसानों का हित ही एक मात्र उद्देश्य है।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में हमारी सरकार किसानों को सहूलियत प्रदान करने के लिए तत्परता के साथ कार्य कर रही है। हमारी सरकार द्वारा लिए गए नीतिगत फैसलों से प्रदेश के किसानों की आर्थिक समृद्धि बढ़ी है और रहन-सहन में बदलाव हुआ है। उन्होंने धान खरीदी व्यवस्था के संबधों में विस्तार से जानकारी दी।

इसे भी पढ़ें :-वनांचल के युवाओं का पराक्रम: शंकरगढ़ के 11 युवा बने अग्निवीर

बैठक में धान खरीदी व्यवस्था पर विस्तार पूर्वक चर्चा की गई। चर्चा के दौरान मंत्री बघेल ने छत्तीसगढ़ में धान खरीदी व्यवस्था, किसानों के हित में संचालित योजनाओं, कृषि क्षेत्र में किए जा रहे सुधारों तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने के लिए किए जा रहे प्रयासों के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। मंत्री बघेल ने कहा कि छत्तीसगढ़ कृषि प्रधान राज्य है और यहां की बड़ी आबादी खेती-किसानी पर निर्भर है। राज्य सरकार किसानों की आय बढ़ाने, कृषि को लाभकारी बनाने तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। इस मौके पर उन्होंने प्रतिनिधिमंडल को स्मृति-चिन्ह भेंट कर उनका स्वागत किया।

खाद्य मंत्री दयालदास बघेल ने बताया कि धान खरीदी सरकार के लिए कोई फायदा का सौदा नहीं हैं, बल्कि सरकार की प्राथमिकता में हैं। धान खरीदी व्यवस्था पूरी तरह किसानों के हित से जुड़ी हुई हैं।

इसे भी पढ़ें :-अवैध रेत परिवहन पर कार्रवाई के दौरान ट्रैक्टर चालक ने किया जहर का सेवन, हालत स्थिर, जांच के आदेश

बघेल ने बताया कि प्रदेश में किसानों से 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी की जा रही है। राज्य सरकार द्वारा खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में लगभग 141 लाख मीट्रिक टन धान का उपार्जन किया गया है, जो देश में धान खरीदी के सबसे बड़े अभियानों में से एक है। उन्होंने कहा कि किसानों की सुविधा के लिए प्रदेशभर में लगभग 2740 धान उपार्जन केंद्र संचालित हैं।

प्रतिनिधिमंडल को खाद्य मंत्री दयालदास बघेल ने कृषक उन्नति योजना सहित राज्य सरकार द्वारा किसानों के हित में संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी दी। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार खेती को अधिक लाभकारी बनाने तथा किसानों की आय में निरंतर वृद्धि सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। कृषि के साथ-साथ पशुपालन, मत्स्य पालन और अन्य आयवर्धक गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे ग्रामीण परिवारों की आमदनी में वृद्धि हो रही है।

चर्चा के दौरान महाराष्ट्र के विधायक प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने बताया कि छत्तीसगढ़ से लगे महाराष्ट्र के चार जिलों में बड़ी संख्या में किसान धान की खेती करते हैं। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की धान खरीदी व्यवस्था, किसानों को मिलने वाला समर्थन और प्रशासनिक प्रबंधन अत्यंत प्रभावी एवं अनुकरणीय है। राज्य में किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य उपलब्ध कराने तथा खरीदी प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए किए गए प्रयास सराहनीय हैं।

प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने कहा कि छत्तीसगढ़ का धान खरीदी मॉडल किसानों के आर्थिक सशक्तिकरण का सफल उदाहरण है। उन्होंने इस मॉडल के विभिन्न पहलुओं का अध्ययन कर महाराष्ट्र के धान उत्पादक क्षेत्रों में भी ऐसे प्रयासों को आगे बढ़ाने की बात कही।

इस अवसर पर महाराष्ट्र के विधायक डॉ. परिणय फुके, विनोद अग्रवाल, राजू कारेमोरे एवं संजय पुराम, छत्तीसगढ़ मार्कफेड के अध्यक्ष शशिकांत द्विवेदी, एमडी मार्कफेड जितेन्द्र शुक्ला सहित छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र के वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here